नजरे इनायत से महरूम जरदोजी, बोले- “सब अइसे ही चल रिया है, का बताएं”

देश भर में आम चुनाव की घोषणा होते ही माहौल बदला-बदला सा नजर आने लगा है। कहीं एक दूसरे को नीचा दिखाने की होड़ तो कहीं किसी खास समुदाय का हितैशी बताने की होड़। इसी होड़ में कहीं ऐसा गुमनाम इलाका भी है जहां के लोग

तस्वीर ही नहीं ‘तकदीर’ भी बदल सकती है माइनॉरिटी साइबर ग्राम योजना

आज देश में अगर कोई तबका सबसे बदहाल है तो वो है अल्पसंख्यक मुसलमान। सच्चर कमेटी की रिपोर्ट पर गौर करें तो हम पाते हैं कि भारत में अंल्पसंख्यक समुदाय में 6 से 14 साल की उम्र के 25 फीसदी बच्चे या तो स्कूल नहीं

मछुआरों को टीवी से नहीं अब सीआईआरसी से मिलेगी मौसम की जानकारी

खूंखार हुआ ‘हेलेन’, खतरे में विशाखापट्टनम…..ये वो लाइन थी जो पिछले साल नवंबर में हर टेलीविजन चैनल, अखबार में छाई हुई थी। क्या आप जानते हैं इस खबर का कितना असर हुआ था? इस खबर का असर इस कदर हुआ कि समुद्री तट पर रहने